पेंशनर्स व सरकारी कर्मचारियों को राज्य उपभोक्ता भण्डार केन्द्रों पर नकली दवाएं मिल रही है।ये हम नहीं, बल्कि औषधि नियंत्रक संगठन की कार्रवाई में सामने आई सच्चाई है....दरअसल, औषधि नियंत्रक दि्वतीय अजय फाटक को शिकायत मिली थी कि "गाबाला ए" नाम की औषधि को बतौर फूड प्रोडेक्ट बेचा जा रहा है....इस पर संगठन की टीमोंने कल देर रात अजमेर रोड पर गणपति फार्मा और नाहरगढ़ रोड़ पर विमल एजेंसी पर छापामार कार्रवाई की.....यहां जांच के पता चला कि जिस "गाबाला ए" दवा में जांच के दौरान घटक शून्य मिले है, उसे बतौर फूड प्रोडेक्ट उपभोक्ता केन्द्रों पर आपूर्ति किया जा रहा है...यह दवा हरियाणा से सप्लाई होती है, जिसे सप्लायर सिर्फ उपभोक्ता केन्द्रों पर भेजते है.....इसके बाद टीमों ने आज दिनभर उपभोक्ता केन्द्रों पर भी जांच अभियान चलाया....इस दौरान एसएमएस अस्पताल की एक दुकान व जयपुरिया अस्पताल की एक दुकान पर यह दवा बतौर फूड प्रोडेक्ट के बिकती मिली....इन दवाओं को तत्काल सीज किया गया......औषधि नियंत्रक दि्वतीय अजय फाटक ने बताया कि हरियाणा औषधि नियंत्रक को भी कार्रवाई की सूचना दे दी गई है.....ताकि वहां भी मेन्यूफेक्चरर पर कार्रवाई की जा सके.....इसके साथ ही टीमें जयपुर में भी उपभोक्ता भण्डार केन्द्रों पर जांच कर रही है.....दोनों फर्मो से जब्त रिकॉर्ड के आधार पर यह पता लगाया जा रहा है कि आखिर कितनी दवा बाजार में बेची गई है।
Wednesday, August 7, 2019
पेंशनर्स और सरकारी कर्मचारियों को राज्य उपभोक्ता भण्डार केन्द्रों पर मिल रही नकली दवाएं !
पेंशनर्स व सरकारी कर्मचारियों को राज्य उपभोक्ता भण्डार केन्द्रों पर नकली दवाएं मिल रही है।ये हम नहीं, बल्कि औषधि नियंत्रक संगठन की कार्रवाई में सामने आई सच्चाई है....दरअसल, औषधि नियंत्रक दि्वतीय अजय फाटक को शिकायत मिली थी कि "गाबाला ए" नाम की औषधि को बतौर फूड प्रोडेक्ट बेचा जा रहा है....इस पर संगठन की टीमोंने कल देर रात अजमेर रोड पर गणपति फार्मा और नाहरगढ़ रोड़ पर विमल एजेंसी पर छापामार कार्रवाई की.....यहां जांच के पता चला कि जिस "गाबाला ए" दवा में जांच के दौरान घटक शून्य मिले है, उसे बतौर फूड प्रोडेक्ट उपभोक्ता केन्द्रों पर आपूर्ति किया जा रहा है...यह दवा हरियाणा से सप्लाई होती है, जिसे सप्लायर सिर्फ उपभोक्ता केन्द्रों पर भेजते है.....इसके बाद टीमों ने आज दिनभर उपभोक्ता केन्द्रों पर भी जांच अभियान चलाया....इस दौरान एसएमएस अस्पताल की एक दुकान व जयपुरिया अस्पताल की एक दुकान पर यह दवा बतौर फूड प्रोडेक्ट के बिकती मिली....इन दवाओं को तत्काल सीज किया गया......औषधि नियंत्रक दि्वतीय अजय फाटक ने बताया कि हरियाणा औषधि नियंत्रक को भी कार्रवाई की सूचना दे दी गई है.....ताकि वहां भी मेन्यूफेक्चरर पर कार्रवाई की जा सके.....इसके साथ ही टीमें जयपुर में भी उपभोक्ता भण्डार केन्द्रों पर जांच कर रही है.....दोनों फर्मो से जब्त रिकॉर्ड के आधार पर यह पता लगाया जा रहा है कि आखिर कितनी दवा बाजार में बेची गई है।
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